DRDO:- कोरोना के इलाज में DRDO की दवा 2-DG का इमरजेंसी में होगा इस्तेमाल, DGCI ने दी मंज़ूरी

0
88
DRDO:- कोरोना के इलाज में DRDO की दवा 2-DG का इमरजेंसी में होगा इस्तेमाल, DGCI ने दी मंज़ूरी
DRDO:- कोरोना के इलाज में DRDO की दवा 2-DG का इमरजेंसी में होगा इस्तेमाल, DGCI ने दी मंज़ूरी

DRDO:- कोरोना के इलाज में DRDO की दवा 2-DG,ऑक्सीजन पर निर्भरता भी घटाएगी

DRDO| कोरोना वायरस से की दूसरे लहर से जूझ रहे भारत के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है।वैज्ञानिक डॉ अनंत नारायण भट्ट ने कहा कि ट्रायल के तीसरे दौर में हमने बड़े स्तर पर टेस्टिंग की, जिसके नतीजे शानदार रहे. उन्होंने कहा कि इस दवा के इस्तेमाल से ऑक्सीजन की कमी की समस्या आई ही नहीं  डीआरडीओ (DRDO) की एक लैब इंस्टीट्यूट ऑफ न्यूक्लियर मेडिसिन एंड एलाइड साइंसेज द्वारा डॉक्टर रेड्डी की लैब के साथ मिलकर बनाई गई कोरोना की ओरल दवा- 2- डिऑक्सी-डी-ग्लूकोज को भारत में आपात इस्तेमाल की मंजूरी दे दी गई है। दवा के क्लिनिकल ट्रायल के नतीजे बताते हैं कि यह दवा अस्पताल में मौजूद कोरोना के मरीजों की जल्दी रिकवरी में सहायक है और इसी के साथ ही यह दवा मरीजों की ऑक्सीजन की जरूरत को भी कम करती है।

Thailand थाईलैंड से बुलाई कॉल गर्ल की अस्पताल में कोरोना से मौत, 7 लाख रुपये देकर लखनऊ बुलवाया था.

Oxygen Concentrator Case: 524 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर का मामला, दिल्ली क्राइम ब्रांच करेगी खान चाचा रेस्टोरेंट की जांच

पानी में घोलकर पीना होगी
2-डीजी दवा पाउडर के रूप में पैकेट उपलब्ध होगी। इसे पानी में घोल कर पीना होता है। डीआरडीओ के अनुसार 2-डीजी दवा वायरस से संक्रमित मरीज की कोशिका में जमा हो जाती है और उसको और बढ़ने से रोकती है। संक्रमित कोशिका के साथ मिलकर यह एक तरह से सुरक्षा दीवार बना देती है। इससे वायरस उस कोशिका के साथ ही अन्य हिस्से में भी फैल नहीं पाएगा।

ANI

डॉ सुधीर चंदना ने कहा कि हमने अप्रैल 2020 में टेस्टिंग शुरू की थी और पहली बार में ही अच्छे नतीजे मिले. मई 2020 में क्लीनिकल ट्रायल की इजाजत मिली,जो अक्टूबर तक चली. इस दवा को अभी 2-deoxy-D-glucose (2-DG) नाम दिया गया है. जो जल्द ही इलाज के लिए उपलब्ध होगी. ऐसा देखा गया है कि अस्पताल में भर्ती मरीजों को यह दवा देने से वह जल्दी ठीक हो जाते हैं.

दिल्ली में डीआरडीओ (DRDO) के INMAS डिपार्टमेंट के वैज्ञानिक डॉ अनंत नारायण भट्ट ने कहा कि ट्रायल के तीसरे दौर में हमने बड़े स्तर पर टेस्टिंग की, जिसके नतीजे शानदार रहे. उन्होंने कहा कि इस दवा के इस्तेमाल से ऑक्सीजन की कमी की समस्या आई ही नहीं. उन्होंने कहा कि हमें दवा के इमरजेंसी इस्तेमाल की इजाजत मिल गई है. जल्द ही डॉ रेड्डीज लैब के साथ मिलकर इस दवा का उत्पादन बड़े स्तर पर शुरू होगा. उन्होंने बताया कि ये दवा पाउडर फॉर्म में है, जिसे पानी के सात सुबह शाम आराम से इस्तेमाल किया जा सकता है. क्लीनिकल ट्रायल में पाया गया कि यह दवा लेने वाले मरीज दूसरे मरीजों की तुलना में ढाई दिन पहले ठीक हो गए

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here